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Monday, August 3, 2026
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15 साल की नाबालिग बिकते-बिकते 37 साल के आदमी के पास पहुंची, सगी मां ने किया था बेटी का सौदा और पुलिस में करा दी अपहरण की झूठी रिपोर्ट

 

 

 

– नाबालिक युवती के अपरहण की घटना का दून पुलिस ने किया पर्दाफाश 

– पीड़ित नाबालिग की मां ही निकली पूरे प्रकरण की सूत्रधार 

– सौदे की पूरी रकम न मिलने पर गढ़ी थी नाबालिग के अपहरण की झूठी कहानी 

– घटना में शामिल पीड़िता की मां सहित 04 अभियुक्तों को उत्तर प्रदेश व उत्तराखंड में अलग-अलग स्थानों से पुलिस ने किया गिरफ्तार 

– अभियुक्तों की निशानदेही पर अपहृत नाबालिक युवती को मुज्जफरनगर से किया बरामद 

– अभियुक्तों द्वारा विवाह के लिए 02 लाख में गिरफ्तार एक अन्य अभियुक्त से किया था नाबालिक युवती का सौदा 

– घटना से जुडी हर कड़ी को जोड़ते हुए पुलिस पहुंची घटना की तह तक 

देहरादून। सिर्फ डेढ़ लाख रुपए की लालच में एक मां ने अपनी सगी 15 साल की बेटी को बेच दिया। उसकी बेटी को एक महिला के माध्यम से पहले 24 साल के एक लड़के ने शादी करने के लिए खरीदा। लेकिन फिर उस लड़के ने दो लाख रुपए में 37 साल के एक आदमी को इस नाबालिक को शादी करने के लिए बेच दिया। इस सौदे में अब तक नाबालिक की मां को पूरे डेढ़ लाख रुपए नहीं मिले। उसे 80 हजार रुपए ही थमा दिए गए थे। अब एक महीना गुजर जाने पर नाबालिक की मां को लगा कि उसे बाकी पैसे नहीं मिलेंगे तो उसने अपनी बच्ची के अपहरण की झूठी रिपोर्ट पुलिस में दर्ज करा दी। लेकिन दून पुलिस ने इस मामले को बड़ी गंभीरता से लिया और जब point to point विवेचना की तो पुलिस खुद हैरान रह गई। पुलिस की जांच में खुलासा हुआ कि महिला ने खुद अपनी नाबालिक बेटी का सौदा किया था। 

पुलिस रपोर्ट के मुताबिक नीलम देवी निवासी नागल हटनाला, सहस्त्रधारा रोड, देहरादून के द्वारा अपनी नाबालिक पुत्री का अपहरण होने के सम्बन्ध में एक शिकायती प्रार्थना पत्र थाना राजपुर में दिया गया। प्रार्थना पत्र के आधार पर थाना राजपुर पर तत्काल धारा 137(2) बीएनएस का अभियोग पंजीकृत किया गया।

प्रकरण की संवेदनशीलता के दृष्टिगत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा नाबालिग की सकुशल बरामदगी तथा अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु थाना राजपुर पर पुलिस टीम गठित की गई।

पुलिस ने बताया गठित टीम द्वारा मोबाइल सर्विलांस, सीसीटीवी कैमरों के अवलोकन के साथ-साथ मैनुवल पुलिसिंग के माध्यम से अपहृत नााबालिग के सम्बन्ध में जानकारी प्राप्त की गई तो उक्त अपहृत नाबालिग के मुजफ्फरनगर उत्तर प्रदेश में होने की जानकारी पुलिस टीम को प्राप्त हुई, जिस पर तत्काल एक टीम को मुजफ्फरनगर उत्तर प्रदेश रवाना किया गया। जहां पुलिस टीम द्वारा गोपनीय रूप से जानकारियां प्राप्त करते हुए नाबालिग युवती के अपहरण में शामिल 02 अभियुक्तो मनीष पुत्र राजकुमार व लवी कुमार पुत्र बिल्लू को गिरफ्तार करते हुए उनके कब्जे से नाबालिग युवती को बरामद किया गया।

पुलिस के अनुसार अभियुक्तों से सख्ती से पूछताछ करने पर अभियुक्त लवी कुमार द्वारा पिंकी मलिक नाम की एक महिला के माध्यम से उक्त नाबालिग को उसकी माता नीलम देवी से डेढ लाख रूपये में खरीदना बताया गया, जिसे उसने ₹ 02 लाख में अभियुक्त मनीष को बेचा था, जिसने विवाह के लिए लवी कुमार से उक्त युवती को खरीदा था।

पुलिस के मुताबिक अभियुक्तों से पूछताछ के आधार पर प्रकाश में आए अन्य अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु पुलिस द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए घटना में शामिल अभियुक्ता पिंकी मलिक को मुजफ्फरनगर तथा अभियुक्ता नीलम देवी को आई0टी0 पार्क सहस्त्रधारा रोड से गिरफ्तार किया गया।

विवेचना में दौरान प्रकाश में आये तथ्यों के आधार पर अभियोग में धारा 64, 3(5), 65(1),87, 143 बीएनएस व 5(एल)/6, 16/17 पोक्सो अधिनियम की बढ़ोतरी की गई।

*पूछताछ के विवरण :-*

पुलिस के अनुसार पूछताछ में अभियुक्ता नीलम देवी द्वारा बताया गया कि पिंकी मलिक से उसकी मुलाकात कुछ समय पूर्व देहरादून में एक समारोह के दौरान हुई थी तथा आपसी बातचीत के दौरान पिंकी मलिक द्वारा उसे एक युवती की आवश्यकता होने तथा उसके एवज में अच्छा पैसा देने की पेशकश की गई थी, जिस पर अभियुक्ता द्वारा उसे अपनी आर्थिक स्थिति खराब होने की बात बताते हुए अपनी नाबालिग पुत्री उम्र 15 वर्ष को उसे देने तथा उसके एवज में डेढ लाख रूपये की मांग की गई थी।

पुलिस ने बताया सौदा तय होने पर पिंकी मलिक द्वारा उक्त युवती को अपनी पहचान के एक व्यक्ति लवि कुमार निवासी मुजफ्फरनगर को तथा लवि कुमार द्वारा उसे आगे मनीष नाम के एक व्यक्ति को 02 लाख रूपये में बेच दिया तथा प्राप्त रकम में से 80 हजार रूपये अभियुक्ता नीलम देवी को देते हुए शेष पैसा कुछ समय बाद देने की बात कही गई। तय समय के बाद भी सौदे की पूरी रकम न मिलने व नाबालिग को बेचने के अपराध में पकडे जाने के डर से अभियुक्ता नीलम देवी द्वारा अपनी नाबालिग पुत्री के अपहरण की झूठी कहानी गढते हुए पुलिस में एक झूठी रिर्पोट दी गई। परन्तु पुलिस द्वारा सम्पूर्ण प्रकरण की गहनता से जांच कर घटना से जुडी हर कडी को जोडते हुए नाबालिग की खरीद-फरोख्त के प्रकरण का खुलासा कर उसके मंसूबों पर पानी फेर दिया।

प्रकरण में पुलिस द्वारा घटना में शामिल सभी अभियुक्तों से गहनता से पूछताछ की जा रही है। साथ ही अभियुक्तों के पूर्व में भी इस प्रकार के प्रकरणों से जुडे होने सहित अन्य सभी सम्भावित पहलुओं के संबंध मे विरूतृत जानकारी की जा रही है।

*नाम/पता गिरफ्तार अभियुक्त: -*

1- मनीष पुत्र राजकुमार निवासी ग्राम घटायन थाना जानसठ जनपद मुजफ्फरनगर, उत्तर प्रदेश, उम्र- 37 वर्ष
2- लवी कुमार पुत्र बिल्लू निवासी नागोंरी थाना फलावदा जनपद मेरठ उत्तर प्रदेश, उम्र – 24 वर्ष
3- पिंकी मलिक पत्नी सुकरम निवासी ग्राम कुकड़ा मंडी, थाना नई मंडी, जनपद मुजफ्फरनगर, उम्र- 37 वर्ष
4- नीलम देवी पत्नी मुकेश कुमार निवासी- नांगल हटनाला सहस्त्रधारा रोड, देहरादून, उम्र उम्र 35 वर्ष।

*पुलिस टीम -*

1- उ०नि० पीडी भट्ट, थानाध्यक्ष राजपुर
2- उ०नि० अनित कुमार
3-म०उ०नि० सीमा चौहान (विवेचक)
4- कानि० मोहित
6- कानि० अमित
7- हे०कानि० किरण (एसओजी )

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