– श्री चैतन्य गौड़ीय मठ में वार्षिक हरिनाम संकीर्तन सम्मेलन का तीसरा दिन
देहरादून। श्री चैतन्य गौड़ीय मठ में चल रहे वार्षिक हरिनाम संकीर्तन सम्मेलन के तीसरे दिन, नगर संकीर्तन में संतों ने बैंड बाजों की धुन पर अपने भगवान को ऐसा याद किया कि दून नगरी कृष्णमय हो गई।
्
मंगलवार की शाम डीएल रोड स्थित मठ से मठ रक्षक त्यागी महाराज की अध्यक्षता में भारी संख्या में साधु संत एवं श्रद्धालु
लॉर्ड वेंकटेश्वर वेडिंग पॉइंट पहुंचे। वहां अखिल भारतीय श्री चैतन्य गौड़ीय मठ के आचार्य स्वामी विष्णु प्रसाद ने संतों और श्रद्धालु संग प्रार्थना सभा की। इसके पश्चात ‘ हरे कृष्ण ‘ महामंत्र के उद्घोष के साथ नगर संकीर्तन प्रारंभ हो गया।
नगर संकीर्तन, लॉर्ड वेंकटेश्वर वेडिंग पॉइंट से प्रारंभ होकर राजपुर रोड, घंटाघर, पलटन बाजार, राजा रोड होते हुए गीता भवन पहुंचा। इस दौरान नगर संकीर्तन का जगह-जगह स्वागत किया गया।
नगर संकीर्तन के प्रारंभ में भक्ति वल्लभ तीर्थ गोस्वामी महाराज के चित्र के समक्ष श्रद्धालु जन प्रणाम करते हुए उनकी महिमा का गुणगान कर रहे थे। श्री परशुराम चतुर्वेद विद्यालय के छात्रों की उपस्थिति से नगर संकीर्तन शोभायमान था ‘ राधे राधे कहिए चले आएंगे बिहारी ‘ आदि भजनों की धुन पर महिला, पुरुष श्रद्धालु नाचते-गाते चल रहे थे।
पलटन बाजार में कई जगह व्यापारियों ने श्रद्धालुओं के लिए पीने के पानी और प्रसाद की व्यवस्था भी की। गीता भवन में हरे कृष्ण महामंत्र के साथ प्रसाद वितरण कर नगर संकीर्तन को विश्राम दिया गया।
भक्तों को संबोधित करते हुए स्वामी विष्णु महाराज ने कहा भगवान कृष्ण की भक्ति करने वालों की हमेशा जीवन में जीत होती है। भगवान हमेशा अपने भक्तों का ख्याल रखते हैं और हर सुख-दुख की घड़ी में उनके साथ ही खड़े रहते हैं। इसलिए सनातन धर्म ही ऐसा मार्ग है जो भक्तों को सीधे प्रभु चरणों में विलीन कराता है।
इस अवसर पर नगर संकीर्तन में निरीह महाराज, पर्वत महाराज, त्रिदंडी महाराज, दिल्ली से नरसिंह महाराज, पूर्व मेयर सुनील उनियाल गामा, उषा शर्मा, प्रदीप शर्मा, दुर्गा प्रभु, अशोक प्रभु, मृदुल प्रभु, हिमांशु, कांत शर्मा, नीलम थापा, कृष्णा सिंह, रिशु शर्मा, मालती, मनीष, शुभम कुमार, केशव, लक्ष्य, खुश, विवेक, तनु, सुनीता, नितिन पुष्पक, सिद्धार्थ, केवल शर्मा, सविता, चंद्र मोहन सेमवाल, वैभव रावत आदि काफी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

